बरेली। जन्माष्टमी के अवसर पर बरेली पुलिस ने उन लोगों को बड़ी राहत दी, जिन्होंने अपने मोबाइल फोन गुम होने के बाद उन्हें दोबारा पाने की उम्मीद लगभग छोड़ दी थी। पुलिस की तकनीकी और सर्विलांस टीमों की मेहनत से अलग-अलग स्थानों से गुम हुए 458 मोबाइल फोन बरामद किए गए। इन सभी मोबाइलों को उनके वास्तविक मालिकों की पहचान के बाद वापस सौंप दिया गया।
बरामद किए गए मोबाइल फोन की कुल अनुमानित कीमत करीब 85 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान जब लोगों को उनके मोबाइल फोन वापस मिले तो उनके चेहरे पर खुशी साफ नजर आई। मोबाइल पाने वाले लोगों ने बरेली पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना करते हुए पुलिस टीम का आभार जताया।
तकनीकी मदद से तलाशे गए गुम मोबाइल
पुलिस द्वारा CEIR (Central Equipment Identity Register) प्रणाली का भी इस्तेमाल किया जाता है। यदि गुम हुआ मोबाइल किसी दूसरे सिम या नेटवर्क के साथ दोबारा सक्रिय होता है, तो तकनीकी जानकारी के आधार पर उसके बारे में सुराग जुटाने में मदद मिलती है। इसी तरह अलग-अलग मामलों में बरामदगी की कार्रवाई आगे बढ़ाई जाती है। पुलिस के मुताबिक, अगस्त महीने में चलाए गए अभियान के दौरान जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों से कुल 458 मोबाइल बरामद किए गए। बरामद मोबाइलों का सत्यापन करने के बाद उनके वास्तविक मालिकों की पहचान की गई और उन्हें वापस सौंपने की प्रक्रिया पूरी की गई।
मोबाइल वापस मिलने पर लोगों ने जताया आभार
मोबाइल खोने पर आर्थिक नुकसान के साथ-साथ जरूरी जानकारी के गलत हाथों में जाने का खतरा भी बना रहता है। यही वजह है कि मोबाइल वापस मिलने पर लोगों के लिए यह बड़ी राहत रही। जन्माष्टमी के दिन पुलिस लाइन में जब लोगों को उनके मोबाइल फोन वापस मिले तो उन्होंने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का धन्यवाद किया।
बरेली पुलिस की ओर से गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए तकनीकी संसाधनों का इस्तेमाल लगातार किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि लोगों की शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए ऐसे मोबाइलों को खोजने का अभियान आगे भी जारी रहेगा। जन्माष्टमी पर 458 मोबाइल फोन उनके मालिकों को लौटाना बरेली पुलिस के लिए भी एक अहम उपलब्धि है। करीब 85 लाख रुपये मूल्य के मोबाइल वापस मिलने से सैकड़ों परिवारों को आर्थिक नुकसान से राहत मिली है।

