बरेली। चीनी की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी के बीच बरेली में प्रशासन ने जमाखोरी रोकने के लिए निगरानी तेज कर दी है। जिला पूर्ति विभाग की टीम ने शहर में चीनी के थोक और फुटकर कारोबारियों के गोदामों का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने गोदाम में मौजूद चीनी के स्टॉक के साथ कारोबारियों के स्टॉक रजिस्टर की भी जांच की।
4000 क्विंटल से ज्यादा चीनी रखने पर कार्रवाई
पूर्ति विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, चीनी कारोबारियों के लिए स्टॉक की अधिकतम सीमा निर्धारित की गई है। किसी भी व्यापारी को 4000 क्विंटल से ज्यादा चीनी का भंडारण करने की अनुमति नहीं है। विभाग की टीम इसी सीमा के आधार पर गोदामों में स्टॉक की जांच कर रही है। अधिकारियों ने मौके पर मौजूद स्टॉक का मिलान संबंधित रिकॉर्ड से किया। जांच के दौरान किसी भी निरीक्षित गोदाम में निर्धारित सीमा से अधिक चीनी का भंडारण नहीं मिला। विभाग ने कारोबारियों को नियमों का पालन करने के निर्देश दिए हैं।
चीनी के बढ़ते दामों के बीच कार्रवाई
बरेली में इन दिनों चीनी की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। बाजार में चीनी का खुदरा भाव 63 रुपये प्रति किलो से ऊपर पहुंच चुका है। कीमतों में बढ़ोतरी के बीच प्रशासन यह सुनिश्चित करना चाहता है कि कहीं व्यापारी अधिक मात्रा में चीनी जमा करके कृत्रिम कमी पैदा न करें। विभाग की ओर से कारोबारियों के स्टॉक पर नजर रखने के साथ-साथ बाजार में चीनी की उपलब्धता की भी निगरानी की जा रही है। लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील जिला पूर्ति विभाग ने आम लोगों से अपील की है कि चीनी की कमी या बाजार में इसकी उपलब्धता को लेकर किसी तरह की अफवाह पर भरोसा न करें।
अधिकारियों के अनुसार बाजार में चीनी की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि जांच में किसी कारोबारी के पास तय सीमा से अधिक स्टॉक पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

