बरेली। फूड सेफ्टी विभाग की ओर से कोटेदारों की दुकानों पर की गई सैंपलिंग और उसके बाद लगाए जा रहे जुर्माने को लेकर कोटेदारों ने जिलाधिकारी से शिकायत कर न्याय की गुहार लगाई है। कोटेदारों का आरोप है कि विभाग द्वारा पूर्व में उनकी दुकानों से खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए थे, जिसका उन्होंने विरोध भी किया था। इस संबंध में तत्कालीन सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन देकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई गई थी।
कोटेदारों के मुताबिक उस समय फूड सेफ्टी विभाग की ओर से उन्हें आश्वासन दिया गया था कि उनकी कोई गलती नहीं है और उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। इसके बावजूद अब एडीएम कोर्ट के माध्यम से कोटेदारों पर जुर्माना लगाया जा रहा है।
ज्ञापन में कोटेदारों ने बताया कि उनके एक पूर्व साथी पर 40 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जा चुका है, जबकि अन्य संबंधित फाइलें भी एडीएम के पास भेजे जाने की बात सामने आ रही है। इससे कोटेदारों में नाराजगी है।
कोटेदारों ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, उनका पक्ष सुनने और जुर्माने की कार्रवाई पर न्यायोचित निर्णय लेने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि विभाग ने पहले ही उनकी गलती नहीं होने का आश्वासन दिया था तो अब जुर्माने की कार्रवाई क्यों की जा रही है, इसकी भी जांच होनी चाहिए।

