लखनऊ। उत्तर प्रदेश में वृद्धावस्था पेंशन, निराश्रित महिला पेंशन और दिव्यांगजन पेंशन का लाभ लेने वाले लोगों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। योगी आदित्यनाथ सरकार इन तीनों योजनाओं के तहत मिलने वाली मासिक पेंशन की राशि बढ़ाने की तैयारी कर रही है।
प्रस्ताव के अनुसार, वर्तमान में मिल रहे 1,000 रुपये प्रतिमाह को बढ़ाकर 1,500 रुपये किया जा सकता है। इससे प्रदेश के 1.20 करोड़ से अधिक लाभार्थियों को फायदा मिलने की उम्मीद है।
हालांकि, पेंशन बढ़ाने के प्रस्ताव को अभी कैबिनेट की अंतिम मंजूरी मिलना बाकी है। ऐसे में लाभार्थियों को बढ़ी हुई पेंशन का लाभ कब से मिलेगा, यह फैसला स्वीकृति और आगे की प्रक्रिया पूरी होने के बाद स्पष्ट होगा।
हर महीने 500 रुपये अतिरिक्त मिलने की उम्मीद
सरकार के प्रस्ताव के मुताबिक, यदि पेंशन की राशि 1,000 रुपये से बढ़ाकर 1,500 रुपये कर दी जाती है, तो पात्र लाभार्थियों को हर महीने 500 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। इससे सालाना पेंशन की रकम 12,000 रुपये से बढ़कर 18,000 रुपये हो जाएगी।
इस तरह प्रत्येक लाभार्थी को एक साल में 6,000 रुपये का अतिरिक्त लाभ मिल सकता है। आर्थिक रूप से कमजोर बुजुर्गों, निराश्रित महिलाओं और दिव्यांगजनों के लिए यह बढ़ोतरी रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने में मददगार साबित हो सकती है।
किन लोगों को मिलेगा पेंशन बढ़ोतरी का लाभ?
प्रस्ताव के तहत उत्तर प्रदेश की तीन प्रमुख पेंशन योजनाओं को शामिल किया गया है।
- वृद्धावस्था पेंशन योजना: इस योजना के तहत पात्र बुजुर्गों को आर्थिक सहायता दी जाती है। वर्तमान में 67 लाख से अधिक बुजुर्ग इस योजना के लाभार्थी हैं।
- निराश्रित महिला पेंशन योजना: पति की मृत्यु के बाद पात्र महिलाओं को आर्थिक सहायता देने के लिए संचालित इस योजना से 42 लाख से अधिक महिलाएं लाभान्वित हो रही हैं।
- दिव्यांगजन पेंशन योजना: पात्र दिव्यांगजनों को आर्थिक सहारा देने वाली इस योजना के लाभार्थियों की संख्या 12 लाख से अधिक है।
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, इन तीनों योजनाओं को मिलाकर लाभार्थियों की संख्या 1.20 करोड़ से अधिक है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने पर इन सभी वर्गों को राहत मिलने की उम्मीद है।
कब से मिलेगी बढ़ी हुई पेंशन?
पेंशन बढ़ोतरी के प्रस्ताव को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सैद्धांतिक सहमति मिलने की जानकारी सामने आई है। इसे नवंबर के दूसरे पखवाड़े में कैबिनेट के सामने पेश किए जाने की संभावना है। इसके अलावा, बढ़ी हुई पेंशन के लिए आवश्यक बजट का प्रावधान भी किया जा सकता है।
फिलहाल, कैबिनेट की मंजूरी और भुगतान शुरू होने की आधिकारिक तारीख का इंतजार है। इसलिए लाभार्थियों को पेंशन में बढ़ोतरी को लागू हो चुका फैसला मानने के बजाय सरकार की आधिकारिक घोषणा पर नजर रखनी चाहिए।
आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को मिलेगी राहत
महंगाई के दौर में सीमित आय पर निर्भर बुजुर्गों, निराश्रित महिलाओं और दिव्यांगजनों के लिए पेंशन महत्वपूर्ण सहारा है। यदि प्रस्ताव लागू होता है, तो हर महीने मिलने वाली अतिरिक्त राशि से दवाइयों, राशन और अन्य जरूरी खर्चों को पूरा करने में मदद मिल सकती है।

